Breaking News

ध्वनि प्रदूषण पर परिवहन विभाग का सख्त

 मॉडिफाइड साइलेंसर व प्रेशर हॉर्न वाले वाहनों पर कसा शिकंजा

Ghaziabad गाजियाबाद (28 जुलाई 2026) शहर में तेजी से बढ़ते ध्वनि प्रदूषण पर प्रभावी अंकुश लगाने और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से परिवहन विभाग ने एक बड़ा कदम उठाया है। सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) ने जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, अनधिकृत रूप से मॉडिफाइड (संशोधित) साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न लगाकर चलने वाले वाहनों के विरुद्ध एक विशेष प्रवर्तन अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान विभिन्न रणनीतिक स्थलों पर सघन चेकिंग चलाकर नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ नियमानुसार दंडात्मक कार्रवाई की गई।

परिवहन विभाग से प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 21 जुलाई 2026 से 27 जुलाई 2026 तक चलाए गए इस विशेष अभियान के तहत, 26 वाहनों में अनधिकृत एवं अत्यधिक शोर उत्पन्न करने वाले मॉडिफाइड साइलेंसर लगे पाए गए, 18 वाहनों में अवैध प्रेशर हॉर्न का प्रयोग किया जा रहा था।

इन सभी मामलों में मोटर वाहन अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई की गई। इसके अतिरिक्त, इस अवैध कारोबार की जड़ों पर प्रहार करने के उद्देश्य से मॉडिफाइड साइलेंसर की बिक्री करने वाली दुकानों एवं गैराजों का भी विभागीय टीमों ने सरप्राइज़ निरीक्षण किया ।
परिवहन अधिकारियों ने स्थिति की गंभीरता को रेखांकित करते हुए कहा कि वाहन स्वामियों के अनधिकृत साइलेंसर लगाकर अत्यधिक ध्वनि उत्पन्न करना न केवल पर्यावरणीय एवं सड़क सुरक्षा मानकों का सीधा उल्लंघन है, बल्कि यह जनस्वास्थ्य के लिए भी एक गंभीर खतरा है। तेज और कर्कश आवाज के कारण आम नागरिकों, अध्ययनरत विद्यार्थियों, वृद्धजनों तथा गंभीर रूप से पीड़ित मरीजों को अत्यधिक असुविधा एवं मानसिक तनाव का सामना करना पड़ता है।

विभाग ने दी सख्त चेतावनी और आमजन से अपील
परिवहन विभाग ने कड़े शब्दों में स्पष्ट किया है कि वाहनों में किसी भी प्रकार के अनधिकृत परिवर्तन अथवा ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले उपकरणों के उपयोग को शून्य सहनशीलता (Zero Tolerance) की नीति के तहत देखा जाएगा। विभाग ने ऐसे अभियानों को भविष्य में भी नियमित रूप से संचालित किया जाएगा और दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
,
“सभी वाहन चालक अपने वाहनों में केवल कंपनी के निर्धारित एवं अनुमोदित (कंपनी फिटेड) मानकों वाले साइलेंसर का ही प्रयोग करें। भविष्य में किसी भी प्रकार के अवैध संशोधन से बचें और गाजियाबाद को एक सुरक्षित, शांत एवं प्रदूषण-मुक्त यातायात व्यवस्था प्रदान करने में प्रशासन का पूर्ण सहयोग करें।”

About The Author

Related posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *