Ghaziabad
गाजियाबाद (31 जुलाई 2026) हाउस टैक्स (गृह कर) वसूली में तेजी लाने और व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी बनाने के लिए नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में कर विभाग के कार्यों की समीक्षा की गई और कई अहम फैसले लिए गए।
जिसमें प्रमुख रुप से, अब रेवेन्यू इंस्पेक्टर (RI) और टैक्स इंस्पेक्टर (TI) हाउस टैक्स के बिलों में खुद कोई फेरबदल (कम या ज्यादा) नहीं कर पाएंगे। यह अधिकार समाप्त कर दिया गया है, और अब केवल उच्च अधिकारी ही नियमानुसार परीक्षण के बाद बदलाव कर सकेंगे, करदाता अब ऑनलाइन अपना वर्तमान और पुराना लेजर (लेखा-जोखा) आसानी से देख सकेंगे। ऑनलाइन भुगतान और बिल देखने में आ रही तकनीकी दिक्कतों को दूर करने के लिए सॉफ्टवेयर को अपडेट किया जा रहा है, वार्ड स्तर पर टैक्स वसूली को सुगम बनाने के लिए ई-पोस मशीनों की संख्या 30 से बढ़ाकर 100 की जा रही है, सुबह 7:00 बजे से रोस्टर के अनुसार वार्डों में कैंप लगाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि लोगों को टैक्स में मिल रही छूट का पूरा लाभ मिल सके और इसका व्यापक प्रचार-प्रसार हो सके, अपर नगर आयुक्त जंग बहादुर यादव और मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अनिरुद्ध सिंह रोस्टर के तहत जोनल कार्यालयों में बैठकर करदाताओं की समस्याओं का समाधान करेंगे।
नगर निगम का यह प्रयास है कि एक तरफ जहां राजस्व वसूली में बढ़ोतरी हो, वहीं दूसरी तरफ शहर के नागरिकों को पूरी पारदर्शिता और डिजिटल सुविधाएं मिल सकें। सभी संबंधित टीमों को एक सप्ताह के भीतर इन निर्देशों पर सख्ती से अमल करने के निर्देश दिए गए हैं।