विश्व की सबसे ऊंची चोटी पर तिरंगा फहराने वाले पहले भारतीय अभियान की 15 सदस्यीय टीम सोमवार को अरुणाचल प्रदेश की राजधानी ईटानगर से रवाना हुई। इस ऐतिहासिक अभियान का नाम तिरंगा शिखर रखा गया है।
भारतीय सेना के पूर्व अधिकारी के नेतृत्व में यह टीम पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी पर राष्ट्रीय ध्वज फहराएगी। यह अभियान 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस पर पूरा होने की उम्मीद है।
15 सदस्यीय टीम में चार महिला पर्वतारोही भी शामिल हैं। टीम ने 6 महीने से हिमालय के विभिन्न शिखरों पर प्रशिक्षण लिया है।
सेना के प्रवक्ता ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य पूर्वोत्तर भारत के पर्वतारोहण की संभावनाओं को उजागर करना भी है।
रक्षा मंत्रालय ने इस अभियान के लिए विशेष बजट स्वीकृत किया है। टीम के पास आधुनिक पर्वतारोहण उपकरण और उपग्रह संचार प्रणाली है।
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ने टीम को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह अभियान राज्य और देश दोनों के लिए गर्व का विषय है।
टीम के नेता ने कहा कि वे 15 अगस्त को शिखर पर तिरंगा फहराएंगे और यह अभियान युवाओं को प्रेरित करेगा।
भारतीय पर्वतारोहण संघ ने भी इस अभियान की प्रशंसा की है और तकनीकी सहायता का आश्वासन दिया है।
उल्लेखनीय है कि अरुणाचल प्रदेश में कई अनछुए शिखर हैं जो पर्वतारोहण के लिए उपयुक्त हैं।
यह अभियान भारतीय सेना और पर्वतारोहण संघ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है।