
नई दिल्ली (4 दिसंबर 2019)- दुनियां के सबसे बड़े लोकतंत्र का चुनाव आयोग और उसकी क्षमता अब दूसरे देशों के भी आकर्षण का केंद्र बन रही है। इसी कड़ी में मालदीव के चुनाव आयोग और भारत के चुनाव के बीच एक एमओयू साइन होने जा रहा है। इसके लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारत निर्वाचन आयोग और मालदीव के चुनाव आयोग के बीच चुनाव प्रबंधन एवं प्रशासन के क्षेत्र में सहयोग के लिए एमओयू को मंजूरी दी है।
विधि एवं न्याय मंत्रालय के द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारत निर्वाचन आयोग और मालदीव के चुनाव आयोग के बीच चुनाव प्रबंधन एवं प्रशासन के क्षेत्र में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन (एमओयू) के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसमें चुनाव प्रक्रिया के संगठनात्मक और तकनीकी विकास के क्षेत्र में जानकारियों एवं अनुभव का आदान-प्रदान, सूचना साझा करने में सहयोग, संस्थागत मजबूती एवं क्षमता निर्माण, कर्मचारियों का प्रशिक्षण और नियमित आधार पर विचार-विमर्श आदि शामिल है।
प्रस्तावित एमओयू द्विपक्षीय सहयोग को बढ़ावा देगा। इसका लक्ष्य मालदीव के चुनाव आयोग को तकनीकी सहायता/क्षमता निर्माण में सहायता देना, चुनाव प्रबंधन एवं प्रशासन के क्षेत्र में सहयोग पर ध्यान देना है।